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भगवानपुर

भगवानपुर। क्षेत्र के प्रमुख शिक्षण संस्थान श्रीराम कॉलेज ऑफ एजुकेशन, भगवानपुर में रविवार को वार्षिक उत्सव का आयोजन अत्यंत गरिमामयी और भव्य रूप में संपन्न हुआ। कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि भगवानपुर विधायक ममता राकेश द्वारा माँ सरस्वती के सम्मुख दीप प्रज्वलित कर किया गया। इस अवसर पर छात्र-छात्राओं ने सरस्वती वंदना और मनमोहक सांस्कृतिक कार्यक्रमों के माध्यम से उपस्थित जनसमूह को मंत्रमुग्ध कर दिया।

जनसभा को संबोधित करते हुए विधायक ममता राकेश ने कहा कि चूडियाला से मानक मजरा तक ग्रामीण अंचलों में पहले उच्च शिक्षा के लिए कोई प्रभावी विकल्प मौजूद नहीं था, जिससे स्थानीय छात्र-छात्राओं को लंबी दूरी तय करनी पड़ती थी। उन्होंने कहा कि श्रीराम कॉलेज के सफल संचालन से अब युवाओं को घर के निकट ही गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध हो रही है, जो क्षेत्र के विकास के लिए एक क्रांतिकारी कदम और मील का पत्थर है।

कॉलेज के चेयरमैन डॉ० अनुज सैनी ने अपनी प्रतिबद्धता दोहराते हुए कहा कि संस्थान का मुख्य उद्देश्य ग्रामीण परिवेश के प्रतिभावान विद्यार्थियों को आधुनिक संसाधनों के साथ उच्च शिक्षा प्रदान कर उन्हें राष्ट्रीय स्तर पर प्रतिस्पर्धी बनाना है। डायरेक्टर एवं वरिष्ठ पत्रकार देशराज पाल ने शिक्षा के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि शिक्षित युवा ही समाज की कुरीतियों को समाप्त कर देश का गौरव बढ़ा सकते हैं। प्राचार्या डॉ० सुजाता चौधरी ने वार्षिक उत्सव को विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास के लिए आवश्यक बताया।

इस अवसर पर मास्टर सबज सैनी और डॉक्टर अशोक सैनी (मानकपुर आदमपुर) ने भी विचार रखे। पूर्व प्रधानाचार्य समय सिंह सैनी की अध्यक्षता और मा० राजेश सैनी के संचालन में आयोजित समारोह में ई० फग्गन सिंह सैनी, रोमा सैनी, एडवोकेट राशिद अली, मा० राजकुमार, डॉ० राजेश सैनी और ग्राम प्रधान मलिक जैसे गणमान्य लोग उपस्थित रहे। कार्यक्रम को सफल बनाने में शिक्षक नेहा सैनी, अंजली, आँचल और विनीत सैनी का विशेष सहयोग रहा।

विशेष रिपोर्ट – दैनिक ग्रामीण तहकीकात टीम

 

भगवानपुर। जनपद की ग्राम पंचायत चोल्ली शाहबुद्दीनपुर में जनसेवा और स्वास्थ्य जागरूकता के उद्देश्य से एक विशाल निःशुल्क चिकित्सा शिविर का आयोजन किया गया। इस शिविर का विधिवत शुभारंभ क्षेत्रीय विधायक ममता राकेश ने ग्राम प्रधान फरमान मलिक की उपस्थिति में फीता काटकर किया।

मेट्रो स्टार हॉस्पिटल रायपुर (भगवानपुर) के तकनीकी सहयोग से आयोजित इस शिविर में विशेषज्ञ चिकित्सकों द्वारा बड़ी संख्या में आए ग्रामीण महिलाओं, बच्चों और बुजुर्गों के स्वास्थ्य की गहन जांच की गई। मरीजों को निःशुल्क परामर्श के साथ-साथ आवश्यक औषधियां भी वितरित की गईं।

इस अवसर पर विधायक ममता राकेश ने अपने संबोधन में कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में इस प्रकार के निःशुल्क शिविरों का आयोजन अत्यंत अनिवार्य है, क्योंकि इससे समाज के अंतिम पायदान पर खड़े व्यक्ति को सीधे तौर पर बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं प्राप्त होती हैं। उन्होंने क्षेत्र के सर्वांगीण विकास और जनसेवा के प्रति अपनी निरंतर प्रतिबद्धता भी दोहराई। वहीं ग्राम प्रधान फरमान मलिक ने ग्रामीणों के उत्तम स्वास्थ्य को अपनी प्राथमिकता बताते हुए भविष्य में भी ऐसे जनहितकारी कार्यों को जारी रखने का संकल्प लिया।

शिविर की सफलता में प्रधान प्रतिनिधि नवीद आलम, यूसुफ मलिक, फुरकान मलिक सहित अनेक गणमान्य व्यक्तियों का विशेष सहयोग रहा। स्थानीय जनता ने इस आयोजन को स्वास्थ्य की दृष्टि से एक प्रेरणादायक और लाभप्रद कदम बताया है।

विशेष रिपोर्ट – दैनिक ग्रामीण तहकीकात टीम

ग्रामीण तहकीकात संवाददाता

भगवानपुर। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) हरिद्वार के कड़े निर्देशों के बाद भगवानपुर कोतवाली पुलिस ने गोकशी के खिलाफ अभियान चलाते हुए बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस ने वांछित चल रहे मुख्य आरोपी इल्ताफ उर्फ भुट्टो सहित कुल पांच आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेजने की तैयारी कर ली है।

जंगल में चल रही थी गोकशी, पुलिस ने घेराबंदी कर दबोचा

​घटनाक्रम के अनुसार, बीती 20 मार्च को ग्राम किशनपुर जमालपुर के जंगल में पुलिस ने दबिश दी थी, जहाँ भारी मात्रा में मांस और गोकशी के उपकरण बरामद हुए थे। इस मामले में इल्ताफ उर्फ भुट्टो, वसीम, आलम, गुलजार और कल्लू की संलिप्तता पाई गई थी, जो मौके से फरार होने में कामयाब रहे थे।

​प्रभारी निरीक्षक के नेतृत्व में गठित टीम ने मुखबिर तंत्र और सर्विलांस की मदद से शनिवार और रविवार की दरम्यानी रात रुड़की क्षेत्र से घेराबंदी कर इन पांचों को धर दबोचा।

घटना में प्रयुक्त दो मोटरसाइकिलें भी जब्त

गिरफ्तार अभियुक्तों के कब्जे से पुलिस ने घटना में इस्तेमाल की गई दो मोटरसाइकिलें भी बरामद की हैं:

  • ​बजाज प्लेटिना (UK17T-1485)
  • ​बजाज पल्सर (UK17X-8825)

इन जांबाज पुलिसकर्मियों ने दी दबिश

​इस सफल कार्रवाई को अंजाम देने वाली टीम में वरिष्ठ उपनिरीक्षक अंकुर शर्मा, उपनिरीक्षक पुनीत दनौसी, मुकेश नौटियाल, विनय मोहन द्विवेदी, अपर उपनिरीक्षक प्रदीप चौहान, मुख्य आरक्षी मनीष घपोला, निर्मल जोशी और कांस्टेबल मदन, संजय व दीपक मंगाई शामिल रहे।

विधिक कार्यवाही और जेल भेजने की तैयारी

​पुलिस ने सभी पांचों अभियुक्तों के विरुद्ध उत्तराखण्ड गोवंश संरक्षण अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर उन्हें न्यायालय के समक्ष पेश किया है। पुलिस की इस त्वरित कार्रवाई से क्षेत्र के गो-तस्करों में हड़कंप मचा हुआ है।

 

सेवइयों की मिठास और गले मिलकर दूर हुई दूरियां

संवाददाता ग्रामीण तहकीकात

हरिद्वार/नई दिल्ली। एक महीने के मुकद्दस रमजान और कठिन इबादत के बाद आज पूरे देश में ईद-उल-फितर का त्योहार पूरे अकीदत और हर्षोल्लास के साथ मनाया जा रहा है। सुबह की पहली किरण के साथ ही मस्जिदों और ईदगाहों में नमाजियों का सैलाब उमड़ पड़ा। हरिद्वार के ग्रामीण क्षेत्रों से लेकर राजधानी दिल्ली की जामा मस्जिद तक, हर तरफ ‘ईद मुबारक’ की गूंज और आपसी भाईचारे का अद्भुत नजारा देखने को मिला।

नमाज के बाद मुल्क की खुशहाली के लिए उठे हाथ

आज सुबह ईदगाहों में हजारों की संख्या में मुस्लिम भाइयों ने सफों में खड़े होकर एक साथ नमाज अदा की। नमाज के बाद इमाम साहब ने मुल्क में अमन, चैन, शांति और तरक्की के लिए विशेष दुआ मांगी। नमाज संपन्न होते ही लोगों ने एक-दूसरे को गले लगाकर ईद की मुबारकबाद दी। बच्चों में ‘ईदी’ को लेकर विशेष उत्साह देखा गया, वहीं मेलों में खिलौनों और झूलों का आनंद लेने के लिए भारी भीड़ जुटी।

गंगा-जमुनी तहजीब की मिसाल: नवरात्रि और ईद एक साथ

इस बार की ईद बेहद खास है क्योंकि एक तरफ चैत्र नवरात्रि का पावन पर्व चल रहा है और दूसरी तरफ ईद की खुशियां मनाई जा रही हैं। हरिद्वार, रुड़की और झबरेड़ा क्षेत्र में यह नजारा हमारी साझा संस्कृति (गंगा-जमुनी तहजीब) का प्रतीक बना। हिंदू भाइयों ने ईदगाहों के बाहर पहुंचकर मुस्लिम भाइयों का स्वागत किया और गले मिलकर उन्हें बधाई दी। यह दृश्य बताता है कि भारत की एकता ही इसकी सबसे बड़ी शक्ति है।

सेवइयों की मिठास और दावतों का दौर

ईद के मौके पर घरों में सुबह से ही विशेष पकवान और ‘शीर-खुरमा’ (सेवइयां) बनाने का दौर जारी है। मेहमानों का स्वागत मिठास के साथ किया जा रहा है। मुस्लिम समाज के लोगों का कहना है कि यह त्योहार हमें सिखाता है कि मानवता से बड़ा कोई धर्म नहीं है और आपसी प्रेम ही समाज की सबसे बड़ी पूंजी है।

सुरक्षा के कड़े इंतजाम

त्योहार के मद्देनजर पुलिस प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद नजर आया। एसएसपी नवनीत सिंह भुल्लर के निर्देशन में संवेदनशील इलाकों में भारी पुलिस बल तैनात रहा। ड्रोन कैमरों से भी सुरक्षा व्यवस्था की निगरानी की गई। प्रशासन ने शांतिपूर्ण तरीके से नमाज संपन्न होने पर सभी को धन्यवाद दिया और बधाई दी।

 

हरिद्वार। “या देवी सर्वभूतेषु माँ चंद्रघंटा रूपेण संस्थिता…” के जयघोष के साथ आज चैत्र नवरात्रि के तीसरे दिन श्रद्धा का सैलाब उमड़ रहा है। आज का दिन आदि-शक्ति के ‘माँ चंद्रघंटा’ स्वरूप को समर्पित है। देवी का यह रूप जितना सौम्य और शांत है, उतना ही शत्रुओं के लिए संहारक भी। इनके माथे पर घंटे के आकार का अर्धचंद्र सुशोभित है, जो शीतलता और शांति का प्रतीक है।

देवी का स्वरूप: शांति और वीरता का अद्भुत संगम

माँ चंद्रघंटा का स्वरूप अलौकिक है। स्वर्ण जैसी चमक वाली देवी दस भुजाओं वाली हैं। उनके हाथों में त्रिशूल, गदा, तलवार और धनुष-बाण हैं, जो अधर्म के विनाश का संकेत देते हैं। उनका वाहन सिंह है, जो साहस का प्रतीक है। देवी की आराधना करने से साधक के भीतर छिपे हुए भय का नाश होता है और आत्मविश्वास में वृद्धि होती है।

आज के दिन का विशेष महत्व (21 मार्च 2026)

ज्योतिषीय गणना के अनुसार, जो भक्त आज के दिन मणिपुर चक्र पर ध्यान केंद्रित करते हैं, उन्हें सिद्धियां प्राप्त होती हैं। माँ चंद्रघंटा की पूजा से न केवल आध्यात्मिक बल मिलता है, बल्कि व्यक्ति के व्यक्तित्व में एक विशेष आकर्षण और विनम्रता का समावेश होता है।

पूजा की सरल विधि और आज का ‘महा-उपाय’

  • शुभ रंग: आज के दिन ग्रे (स्लेटी) या चमकीले रंगों का प्रयोग करना फलदायी होता है।
  • महा-भोग: माँ को दूध की खीर या केसरिया पेड़ा अर्पित करें। इससे मानसिक तनाव दूर होता है और घर में सुख-शांति आती है।
  • दान का महत्व: आज के दिन ब्राह्मणों या कन्याओं को शक्कर या दूध का दान करना विशेष पुण्यकारी माना जाता है।

मंत्र जो बदल देगा आपकी किस्मत

आज पूजा के समय इस प्रभावशाली मंत्र का कम से कम 108 बार जाप करना चाहिए:

ॐ देवी चन्द्रघण्टायै नमः

माँ का संदेश: निर्भय बनें और धर्म का मार्ग चुनें

प्रधानाध्यापक और विद्वानों का मानना है कि माँ चंद्रघंटा का घंटा असुरों के हृदय को कपाने वाला है। इसका अर्थ यह है कि समाज में व्याप्त बुराइयों और नकारात्मक ऊर्जा को दूर करने के लिए हमें जागरूक और साहसी होना चाहिए। माँ की कृपा उन पर सदैव रहती है जो दूसरों के प्रति दयालु और अपने कर्तव्यों के प्रति सजग रहते हैं।

विशेष संपादकीय | ग्रामीण तहकीकात

भूमिका:

चैत्र नवरात्रि का दूसरा दिन माँ दुर्गा के ‘ब्रह्मचारिणी’ स्वरूप को समर्पित है। ‘ब्रह्म’ का अर्थ है तपस्या और ‘चारिणी’ का अर्थ है आचरण करने वाली। यह स्वरूप केवल एक धार्मिक प्रतीक नहीं, बल्कि संघर्षों के बीच अडिग रहने और अपने लक्ष्य की प्राप्ति के लिए किए जाने वाले ‘घोर परिश्रम’ का जीवंत उदाहरण है।

1. माँ का दिव्य स्वरूप और कथा

​दाहिने हाथ में जप की माला और बाएं हाथ में कमंडल धारण किए हुए माँ ब्रह्मचारिणी अत्यंत शांत और भव्य दिखती हैं। पौराणिक कथाओं के अनुसार, भगवान शिव को पति के रूप में प्राप्त करने के लिए देवी ने हजारों वर्षों तक केवल फल-फूल खाकर और अंत में केवल वायु पर रहकर तपस्या की थी।

सीख: जीवन में बड़ी सफलता (जैसे शक्ति और धन) पाने के लिए ‘शॉर्टकट’ नहीं, बल्कि ‘तप’ (कठिन परिश्रम) की आवश्यकता होती है।

 

2. पूजा की सरल विधि (घर और मंदिर के लिए)

  • पवित्रता: ब्रह्म मुहूर्त में उठकर स्वच्छ वस्त्र (पीले या सफेद रंग के) धारण करें।
  • अभिषेक: माँ को पंचामृत से स्नान कराएं और चंदन का तिलक लगाएं।
  • प्रिय पुष्प: माता को सफेद सुगंधित फूल (मोगरा या चमेली) अत्यंत प्रिय हैं।
  • महाप्रसाद: माँ ब्रह्मचारिणी को चीनी, मिश्री और पंचामृत का भोग लगाना चाहिए। मान्यता है कि इससे लंबी आयु और सौभाग्य का वरदान मिलता है।
  • सिद्ध मंत्र: > दधाना करपद्माभ्यामक्षमालाकमण्डलू। देवी प्रसीदतु मयि ब्रह्मचारिण्यनुत्तमा॥

3. व्रत और आहार: शरीर और मन का शुद्धिकरण

​नवरात्रि का व्रत केवल भूखा रहना नहीं, बल्कि इंद्रियों पर विजय पाना है।

  • सात्विक भोजन: कुट्टू या सिंघाड़े के आटे की पूरी, साबूदाना खिचड़ी और सेंधा नमक का प्रयोग करें।
  • तरल आहार: गर्मी का समय है, इसलिए नारियल पानी, छाछ और ताजे फलों के रस का अधिक सेवन करें।
  • क्या न करें: मांस, मदिरा, प्याज और लहसुन का त्याग करें। साथ ही, किसी की निंदा या क्रोध करने से बचें।

4. आज के दौर में महत्व

​आज के दौर में माँ ब्रह्मचारिणी का संदेश बहुत प्रासंगिक है। चाहे आप एक पत्रकार हों, किसान हों या व्यापारी—बिना ‘संयम’ और ‘अनुशासन’ के कोई भी युद्ध नहीं जीता जा सकता। कठिन परिस्थितियों में विचलित न होना ही माँ की सच्ची आराधना है।

‘ग्रामीण तहकीकात’ परिवार की ओर से समस्त पाठकों को द्वितीय नवरात्रि की हार्दिक शुभकामनाएँ!

 

नवरात्रि और रमजान के बीच 25 लोगों को लौटाए 06 लाख के गुमशुदा मोबाइल

ग्रामीण तहकीकात संवाददाता 

 

भगवानपुर। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक नवनीत सिंह भुल्लर हरिद्वार के निर्देशों के अनुपालन में कोतवाली भगवानपुर पुलिस ने ‘सीआईआर पोर्टल’ (CEIR Portal) के माध्यम से एक बड़ी सफलता हासिल करते हुए गुमशुदा मोबाइल फोन की तलाश कर रहे 25 स्वामियों के चेहरों पर मुस्कान वापस लौटा दी है। नवरात्रि और रमजान के पावन पर्व के शुभ अवसर पर गुरुवार को क्षेत्राधिकारी मंगलौर अभिनय चौधरी की गरिमामयी उपस्थिति में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान विभिन्न राज्यों से बरामद किए गए करीब 06 लाख रुपये की अनुमानित कीमत के इन 25 स्मार्टफोन्स को उनके वास्तविक स्वामियों के सुपुर्द किया गया; इस अवसर पर क्षेत्राधिकारी अभिनय चौधरी ने अपने संबोधन में कहा कि “पुलिस का मुख्य उद्देश्य आमजन की सेवा और उनकी सुरक्षा सुनिश्चित करना है, तकनीक के माध्यम से आज हमने लोगों की खोई हुई अमानत उन्हें लौटाई है जिससे जनता में पुलिस के प्रति विश्वास और अधिक मजबूत होगा, भविष्य में भी हमारी यह मुहिम लगातार जारी रहेगी।” प्रभारी निरीक्षक कोतवाली भगवानपुर के नेतृत्व में गठित विशेष टीम ने तकनीकी साक्ष्यों और पोर्टल की मदद से इन फोनों को रिकवर किया, जिन्हें वापस पाकर मोबाइल स्वामियों की खुशी का ठिकाना नहीं रहा और उन्होंने पुलिस की इस त्वरित व संवेदनशील कार्यप्रणाली की जमकर सराहना की। पुलिस की इस मुहिम ने न केवल त्योहारों की खुशियों को दोगुना कर दिया है, बल्कि आमजन में पुलिस के प्रति विश्वास को भी और अधिक सुदृढ़ किया है।

 

जनसमस्याओं के समाधान में लापरवाही पर जताई नाराजगी, लंबित वादों के त्वरित निस्तारण के दिए कड़े निर्देश

संवाददाता ग्रामीण तहकीकात

भगवानपुर। जनपद के प्रशासनिक ढांचे को चुस्त-दुरुस्त करने और आमजन को त्वरित न्याय दिलाने के उद्देश्य से जिलाधिकारी मयूर दीक्षित ने आज तहसील भगवानपुर का सघन निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया। तहसील दिवस के अवसर पर पहुंचे जिलाधिकारी ने कार्यालय के प्रत्येक पटल का बारीकी से अवलोकन किया और पटल सहायकों व संबंधित अधिकारियों को स्पष्ट चेतावनी दी कि तहसील में अपनी समस्याओं को लेकर आने वाले फरियादियों के साथ संवेदनशीलता बरती जाए और उनके कार्यों का समाधान पूरी तत्परता के साथ सुनिश्चित किया जाए ताकि किसी भी ग्रामीण या आम नागरिक को एक ही काम के लिए बार-बार तहसील के चक्कर न लगाने पड़ें। निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने तहसील में लंबे समय से लंबित पड़े राजस्व वादों की फाइलों को खंगाला और अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए कि जो वाद निस्तारण हेतु काफी समय से अटके हुए हैं, उन्हें प्राथमिकता के आधार पर त्वरित गति से हल किया जाए। साथ ही, उन्होंने आय, जाति, मूल निवास और अन्य महत्वपूर्ण प्रमाणपत्रों के निर्गमन की प्रक्रिया की भी समीक्षा की और आवेदकों को समय पर सेवाएं उपलब्ध कराने पर जोर दिया। कार्यालय की कार्यप्रणाली को आधुनिक और सुरक्षित बनाने के निर्देश देते हुए जिलाधिकारी ने परिसर में लगे सभी सीसीटीवी कैमरों को दुरुस्त रखने, सरकारी अभिलेखों का व्यवस्थित ढंग से रख-रखाव करने और तहसील परिसर में स्वच्छता का विशेष ध्यान रखने के निर्देश दिए ताकि जनता को एक बेहतर प्रशासनिक वातावरण मिल सके। इस महत्वपूर्ण निरीक्षण के दौरान उपजिलाधिकारी (SDM) भगवानपुर देवेंद्र सिंह नेगी, पुलिस उपाधीक्षक (CO) अभिनय चौधरी, तहसीलदार दयाराम समेत तहसील प्रशासन के तमाम अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे और जिलाधिकारी ने सभी को पारदर्शी एवं जवाबदेह कार्यप्रणाली अपनाने की शपथ दिलाई।

20 में से 9 शिकायतों का मौके पर निस्तारण कर शेष के एक सप्ताह में समाधान के दिए निर्देश

 

ग्रामीण तहकीकात संवाददाता 

 

भगवानपुर। मुख्यमंत्री के निर्देशों के क्रम में जनता की समस्याओं के त्वरित निराकरण हेतु आज तहसील भगवानपुर में जिलाधिकारी मयूर दीक्षित की अध्यक्षता में ‘तहसील दिवस’ का भव्य आयोजन किया गया, जहां जिलाधिकारी ने विभिन्न क्षेत्रों से आए ग्रामीणों की 20 शिकायतों को गंभीरता से सुना और उनमें से 9 का मौके पर ही समाधान कर जनता को फौरी राहत प्रदान की। तहसील आगमन पर उपजिलाधिकारी देवेंद्र सिंह नेगी द्वारा पुष्पगुच्छ भेंट कर स्वागत के पश्चात शुरू हुए इस कार्यक्रम में भूमि विवाद, अतिक्रमण, जलभराव और घरेलू गैस जैसे गंभीर मुद्दे छाए रहे, जिसमें ग्राम प्रधान दरियापुर दयालपुर ने तालाब के पानी की निकासी, मानकपुर आदमपुर निवासी शादाब अहमद ने विवाह हेतु 12 गैस सिलेंडर की व्यवस्था, तथा भीम सिंह व रामानंद समेत कई ग्रामीणों ने भूमि की पैमाइश व निशानदेही की मांग प्रमुखता से उठाई। जिलाधिकारी ने इन सभी प्रकरणों पर कड़ा रुख अपनाते हुए संबंधित अधिकारियों, पटवारियों और लेखपालों को मौके पर जाकर स्थलीय निरीक्षण करने तथा अवैध निर्माण व गलत नक्शों पर तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि मुख्यमंत्री की मंशा के अनुरूप जनता को अपने कार्यों के लिए कार्यालयों के चक्कर न काटने पड़ें, इसलिए शेष 11 शिकायतों को संबंधित विभागों को हस्तांतरित करते हुए एक सप्ताह के भीतर अनिवार्य रूप से निस्तारित करने की समय-सीमा निर्धारित की गई है। इस अवसर पर पुलिस उपाधीक्षक अभिनव चौधरी, मुख्य कृषि अधिकारी गोपाल सिंह भंडारी, जिला समाज कल्याण अधिकारी अविनाश भदौरिया और तहसीलदार दयाराम सहित जनपद स्तर के तमाम आला अधिकारी मौजूद रहे।

 

ग्रामीण तहकीकात संवाददाता 

भगवानपुर। एसएसपी नवनीत सिंह के निर्देश पर जनपद में चलाए जा रहे गौवंश संरक्षण अभियान के तहत भगवानपुर पुलिस ने दो अलग-अलग स्थानों पर बड़ी कार्रवाई करते हुए सात आरोपियों को गिरफ्तार कर उनके कब्जे से सात गौवंश सकुशल रेस्क्यू किए हैं। पुलिस टीम ने कस्बे में चेकिंग के दौरान एक छोटा हाथी वाहन से रियाज और अजय को दबोचा, जिनके वाहन में दो गौवंश दयनीय स्थिति में लदे थे। वहीं, एक अन्य कार्रवाई में पुलिस ने नरवाला (हरियाणा) निवासी रणवीर सिंह की तहरीर पर दो अन्य छोटा हाथी वाहनों की घेराबंदी कर पांच आरोपियों—सलीम, शुभान, अब्दुल हकीम, सलमान और आवेश को पांच गौवंशों के साथ हिरासत में लिया। पुलिस ने चिकित्सा अधिकारी को बुलाकर सभी पशुओं का मेडिकल परीक्षण कराया और आरोपियों के विरुद्ध पशु क्रूरता अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज कर उन्हें माननीय न्यायालय में पेश किया है। उपनिरीक्षक सुनील रमोला और प्रदीप चौहान के नेतृत्व में हुई इस सफल कार्रवाई ने क्षेत्र के गौ-तस्करों में हड़कंप मचा दिया है।