संवाददाता ग्रामीण तहकीकात
हरिद्वार। जनपदवासियों की समस्याओं के त्वरित समाधान के लिए जिलाधिकारी मयूर दीक्षित ने सोमवार को जिला कार्यालय सभागार में ‘जनसुनवाई कार्यक्रम’ का आयोजन किया। इस दौरान राजस्व, बिजली, पानी और अवैध कब्जे से जुड़ी कुल 70 शिकायतें दर्ज की गईं, जिनमें से 38 का निस्तारण जिलाधिकारी ने मौके पर ही कर दिया। शेष शिकायतों के लिए संबंधित अधिकारियों को समय सीमा के भीतर कार्रवाई के निर्देश दिए गए।
प्रमुख शिकायतें जिन पर रहा डीएम का फोकस:
जनसुनवाई में कई गंभीर मामले सामने आए, जिस पर जिलाधिकारी ने तुरंत संज्ञान लिया:
- लाइनमैन की शिकायत: भारापुर (रुड़की) की ग्राम प्रधान कविता रानी ने लाइनमैन पर अभद्र व्यवहार और फोन न उठाने का आरोप लगाते हुए उसे बदलने की मांग की।
- जोहड़ पर अवैध कब्जा: रणसुरा (रुड़की) के ग्रामीणों ने जोहड़ और नाले पर अवैध कब्जे की शिकायत की, जिससे गांव का पानी सड़कों पर जमा हो रहा है।
- खराब ट्यूबवेल: मूलदासपुर (रुड़की) के किसानों ने बताया कि सिंचाई ट्यूबवेल (RG06) की मोटर 28 फरवरी से खराब है, जिससे फसलें सूख रही हैं।
- विद्युत बिल में गड़बड़ी: शिवा कुमार ने मीटर रीडर द्वारा गलत रीडिंग दर्ज करने और भारी बिल वसूली की शिकायत की।
- सीएम हेल्पलाइन पर सख्त रुख: 36 दिन से अधिक लंबित शिकायतों पर जवाब तलब
जिलाधिकारी ने सीएम हेल्पलाइन (1905) की समीक्षा के दौरान पाया कि L1 स्तर पर 401 और L2 स्तर पर 117 शिकायतें अभी भी लंबित हैं। उन्होंने सख्त निर्देश दिए कि 36 दिन से अधिक पुरानी शिकायतों को प्राथमिकता के आधार पर निपटाया जाए। उन्होंने अधिकारियों को हिदायत दी कि शिकायतकर्ता से फोन पर बात कर उनकी संतुष्टि सुनिश्चित करें।
“लापरवाही की तो होगी कार्रवाई”
डीएम मयूर दीक्षित ने दो टूक शब्दों में कहा कि जनसुनवाई में आने वाली समस्याओं के समाधान में किसी भी प्रकार की शिथिलता बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने निर्देश दिए कि जिन मामलों में स्थलीय निरीक्षण (Field Visit) की जरूरत है, अधिकारी आपसी समन्वय बनाकर मौके पर जाएं और समाधान निकालें।
ये अधिकारी रहे मौजूद
बैठक में मुख्य विकास अधिकारी (CDO) ललित नारायण मिश्रा, एडीएम पी.आर. चौहान, सीएमओ डॉ. आर.के. सिंह, डीडीओ वेद प्रकाश, एसडीएम जितेंद्र कुमार सहित सभी विभागों के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।
